वाराणसी, 13 अगस्त। ‘हर घर तिरंगा अभियान-2026’ के तहत जिला प्रशासन द्वारा आयोजित भव्य तिरंगा यात्रा में सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय के आचार्यों, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। गुरुवार को अपराह्न 3 बजे महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ मैदान से शुरू हुई यात्रा निर्धारित मार्ग से होते हुए सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर पहुंची। हाथों में लहराते तिरंगे और देशभक्ति के नारों से पूरा वातावरण राष्ट्रभक्ति से सराबोर रहा।
यात्रा में विश्वविद्यालय के छात्रकल्याण संकायाध्यक्ष प्रो. शैलेश कुमार मिश्र के संयोजन में बड़ी संख्या में विद्यार्थी शामिल हुए। एनसीसी, एनएसएस, रोवर्स-रेंजर्स एवं रेंजर्स के विद्यार्थियों की सहभागिता ने यात्रा को भव्य स्वरूप प्रदान किया।
इस अवसर पर प्रो. शैलेश कुमार मिश्र ने कहा कि तिरंगा भारत की अस्मिता, स्वतंत्रता संग्राम के संघर्ष तथा करोड़ों देशवासियों के त्याग और बलिदान का प्रतीक है। तिरंगा यात्रा की सार्थकता तभी है, जब प्रत्येक नागरिक राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखते हुए अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करे। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति देश के वर्तमान की ऊर्जा और भविष्य की आधारशिला है। अनुशासन, संस्कार, ज्ञान, कर्तव्यबोध और राष्ट्रसेवा की भावना से ही विकसित भारत-2047 के संकल्प को साकार किया जा सकता है।
प्रो. राजनाथ ने भी राष्ट्रध्वज के सम्मान, राष्ट्रीय एकता और सामाजिक समरसता को मजबूत करने के लिए युवाओं की सक्रिय भागीदारी को महत्वपूर्ण बताया।

यात्रा में डॉ. विशाखा शुक्ला, डॉ. रविशंकर पाण्डेय, डॉ. विजेन्द्र आर्य, डॉ. दिव्यचेतन ब्रह्मचारी, डॉ. सत्येन्द्र कुमार यादव सहित विभिन्न संकायों एवं विभागों के आचार्यगण, अधिकारी, कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए। संबद्ध एवं सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधियों की सहभागिता भी रही।










