वाराणसी। वरिष्ठ नागरिक पेंशनर्स सेवा संस्थान उत्तर प्रदेश, जनपद शाखा वाराणसी की मासिक बैठक रविवार को कचहरी स्थित कोषागार परिसर के नवनिर्मित पेंशनर कक्ष में हुई। अध्यक्षता जिला अध्यक्ष राजेश्वर पाण्डेय ने की, जबकि संचालन जिला मंत्री जयराज बहादुर सिंह ने किया।
बैठक में नए सदस्यों का स्वागत किया गया। साथ ही अक्टूबर माह में जन्म लेने वाले सदस्यों को शुभकामनाएं दी गईं। इस दौरान पेंशनरों की विभिन्न लंबित मांगों और समस्याओं पर विस्तार से चर्चा हुई।
वक्ताओं ने लखनऊ में अपर मुख्य सचिव वित्त दीपक कुमार की अध्यक्षता में हुई राज्य पेंशन सलाहकार समिति की बैठक में उठाए गए प्रमुख मुद्दों की जानकारी दी। इनमें कोरोना काल में फ्रीज किए गए महंगाई राहत (डीआर) का भुगतान, 65, 70 और 75 वर्ष की आयु पर पांच प्रतिशत अतिरिक्त पेंशन, वरिष्ठ नागरिकों के लिए रेल किराये में छूट बहाल करने तथा पेंशनरों की चिकित्सा प्रतिपूर्ति व्यवस्था को सरल बनाने की मांग प्रमुख रही।
बैठक में बताया गया कि चिकित्सा प्रतिपूर्ति की ऑनलाइन व्यवस्था से पेंशनरों को हो रही कठिनाइयों के संबंध में अपर मुख्य सचिव वित्त ने स्वास्थ्य अधिकारियों को पूर्व व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद अब तक इस संबंध में शासनादेश जारी नहीं होने पर सदस्यों ने चिंता जताई। वहीं, 4 से 9 अक्टूबर तक ऑनलाइन प्रशिक्षण के लिए जारी आदेश को भी उम्रदराज पेंशनरों के लिए कठिनाईपूर्ण बताया गया।

जिला मंत्री जयराज बहादुर सिंह ने संगठन की गतिविधियों और पेंशनरों की समस्याओं से सदन को अवगत कराया। उन्होंने कहा कि पेंशनरों के हितों से जुड़े मुद्दों के समाधान के लिए संगठन लगातार प्रयासरत है। उन्होंने प्रांतीय कार्यक्रमों को शत-प्रतिशत सफल बनाने के लिए सदस्यों से एकजुट होकर सहयोग करने का आह्वान किया।
बैठक को के.आर. शास्त्री, ई. आनंद लाल, संत लाल यादव, बंशी लाल जायसवाल, ई. सी.बी. सिंह, उमेश बहादुर सिंह, ई. संजय कुमार श्रीवास्तव, ज्योति कुमार रायजादा, पी.सी. यादव, अरविंद कुमार श्रीवास्तव, ई. ए.के. सिंह और डॉ. आनंद पाल राय सहित अन्य सदस्यों ने संबोधित किया।










