वाराणसी। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के अंग्रेजी एवं अन्य विदेशी भाषा विभाग तथा रूस के कोजमा मिनिन स्टेट पेडागॉजिकल यूनिवर्सिटी के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित रूसी भाषा एवं संस्कृति कार्यक्रम के तहत शनिवार को रूस की विशेषज्ञ अध्यापिकाओं प्रो. नतालिया एवं डॉ. दारिया ने विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग एवं बौद्ध अध्ययन केंद्र का भ्रमण किया।
रूसी विशेषज्ञों ने इतिहास विभाग की लाइब्रेरी में उपलब्ध विभिन्न पुस्तकों एवं ऐतिहासिक सामग्री का अवलोकन किया तथा उनसे संबंधित जानकारी प्राप्त की। उन्होंने काशी विश्वनाथ कॉरिडोर, अयोध्या के राम मंदिर, नमोघाट, धमेख स्तूप सहित विभिन्न ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक स्थलों के मॉडलों का भी अवलोकन किया और उनकी सराहना की।
बौद्ध अध्ययन केंद्र में विशेषज्ञों ने वहां उपलब्ध मूल ग्रंथों के संबंध में जानकारी प्राप्त की। इस दौरान पाली भाषा के महत्वपूर्ण ग्रंथों का रूसी भाषा में अनुवाद किए जाने की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने भारतीय इतिहास, बौद्ध दर्शन एवं संस्कृति से जुड़े साहित्य के रूसी अनुवाद को दोनों देशों के बीच अकादमिक एवं सांस्कृतिक संवाद को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण बताया।
इस अवसर पर इतिहास विभाग के अध्यक्ष प्रो. आनंद शंकर चौधरी, अंग्रेजी विभाग की अध्यक्ष डॉ. नीरज धनकड़, डॉ. किरण सिंह, डॉ. अंजना वर्मा, डॉ. अंजू सिंह, डॉ. सारिका गौतम, डॉ. जावेद सहित अन्य शिक्षक एवं शोधार्थी उपस्थित रहे।











