वाराणसी। भारत के 80वें स्वतंत्रता दिवस पर महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में राष्ट्रभक्ति और गौरव का वातावरण रहा। कुलपति प्रो. आनन्द कुमार त्यागी ने पंत प्रशासनिक भवन के सामने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और विश्वविद्यालय परिवार को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए राष्ट्र के विकास में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया।
विश्वविद्यालय परिवार को संबोधित करते हुए कुलपति ने कहा कि देश परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है। स्वतंत्रता के 80 वर्षों में भारत ने सामाजिक, औद्योगिक और आर्थिक क्षेत्र में व्यापक बदलाव देखे हैं। ऐसे समय में स्वतंत्रता आंदोलन के मूल्यों, त्याग और राष्ट्रभक्ति की भावना को और मजबूत करने की आवश्यकता है। उन्होंने कार्यप्रणाली के पुनरावलोकन तथा नीति-निर्माताओं द्वारा चिन्हित विषयों पर गंभीरता से कार्य करने पर जोर दिया।
प्रो. त्यागी ने कहा कि “भारत हमारी मातृभूमि है और मातृभूमि की रक्षा करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है।” उन्होंने राष्ट्र प्रथम की भावना को और सशक्त करने का आह्वान करते हुए कहा कि राष्ट्रहित सर्वोपरि रखते हुए प्रत्येक व्यक्ति को अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करना चाहिए।

कुलपति ने कहा कि महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ ने अपने गौरवशाली इतिहास में अनेक उतार-चढ़ाव देखे हैं, लेकिन हर दौर में अपनी विशिष्ट पहचान कायम रखी है। बाबू शिवप्रसाद गुप्त और महात्मा गांधी ने जिस उद्देश्य, विचार और राष्ट्रसेवा की भावना के साथ विद्यापीठ की नींव रखी थी, उसे आगे बढ़ाना विश्वविद्यालय परिवार की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि राष्ट्र प्रथम की अवधारणा भारतीय समाज में पहले से ही विद्यमान है, जरूरत केवल उसे और अधिक जागृत एवं सशक्त करने की है। ‘सर्वे भवन्तु सुखिनः’ की भावना को रेखांकित करते हुए उन्होंने कहा कि राष्ट्र का विकास केवल आर्थिक प्रगति तक सीमित नहीं है। वास्तविक विकास तभी संभव है, जब शारीरिक, मानसिक, बौद्धिक और आध्यात्मिक उन्नति के साथ समाज का सर्वांगीण विकास हो।
ध्वजारोहण से पूर्व कुलपति प्रो. आनन्द कुमार त्यागी ने मानविकी संकाय के सामने स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं राष्ट्ररत्न बाबू शिवप्रसाद गुप्त की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
इस अवसर पर कुलसचिव डॉ. सुनीता पाण्डेय, कुलानुशासक डॉ. अम्बरीष राय, छात्र कल्याण संकायाध्यक्ष प्रो. राजेश कुमार मिश्र, मुख्य गृहपति डॉ. नागेन्द्र कुमार सिंह, परीक्षा नियंत्रक दीप्ति मिश्रा, संपत्ति अधिकारी डॉ. एस.एन. सिंह, एनसीसी कमांडर डॉ. आयुष, सुरक्षा अधिकारी हेमंत मिश्र सहित विश्वविद्यालय परिवार के अधिकारी, शिक्षक, कर्मचारी एवं अन्य सदस्य उपस्थित रहे।










