लखनऊ, 22 अगस्त। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रक्षाबंधन के अवसर पर प्रदेश की माताओं, बेटियों और बहनों को मुफ्त बस यात्रा का तोहफा दिया है। उन्होंने निर्देश दिए कि 27 अगस्त की रात से 28 अगस्त की रात तक यूपी रोडवेज की बसों में महिला यात्री एक सहयोगी के साथ नि:शुल्क यात्रा कर सकेंगी। मुख्यमंत्री ने महिला यात्रियों की सुरक्षा, सुगम परिवहन और यातायात व्यवस्था को लेकर परिवहन, पुलिस एवं प्रशासन को समन्वय से व्यापक इंतजाम करने के निर्देश दिए।
शनिवार को शासन के वरिष्ठ अधिकारियों और फील्ड अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक में मुख्यमंत्री ने जलभराव, बाढ़, रक्षाबंधन पर परिवहन व्यवस्था, चीनी की उपलब्धता, आगामी गन्ना पेराई सत्र और विद्यालयों की व्यवस्थाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को आमजन की सुविधा और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने रक्षाबंधन के मद्देनजर बस चालकों की जांच और निगरानी के निर्देश देते हुए कहा कि नशे का सेवन करने वाले किसी चालक को बस चलाने की अनुमति न दी जाए। निजी बस चालकों के साथ ऑटो और टैक्सी चालकों का भी सत्यापन कराया जाए। महिला यात्रियों की सुरक्षा के लिए एंटी रोमियो स्क्वाड सक्रिय रखने तथा प्रमुख मार्गों पर यातायात व्यवस्था बेहतर करने को कहा।

मुख्यमंत्री ने प्रयागराज, वाराणसी, लखनऊ, कानपुर, गोरखपुर, मेरठ, सहारनपुर और गाजियाबाद समेत विभिन्न क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने लो-लैंड क्षेत्रों को चिह्नित कर आवश्यकता के अनुसार अतिरिक्त पम्पिंग स्टेशन स्थापित करने और सिल्ट, कूड़े या अतिक्रमण के कारण बाधित नालों की तत्काल सफाई कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने नगर निकायों को जलभराव और सफाई व्यवस्था की लगातार निगरानी करने तथा नालों पर किए गए अतिक्रमण को चिन्हित कर हटाने को कहा। महापौरों और नगर निकाय अध्यक्षों को स्थानीय पार्षदों के साथ फील्ड में जाकर व्यवस्थाओं का जायजा लेने के निर्देश दिए। प्रदेश के सभी 762 नगर निकायों की मुख्यालय स्तर से 24 घंटे निगरानी सुनिश्चित करने को भी कहा गया।
मुख्यमंत्री ने प्रदेश के 19 बाढ़ प्रभावित जिलों की स्थिति की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारियों को पूरी तरह अलर्ट रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित हर परिवार तक राहत पहुंचनी चाहिए। प्रभावित क्षेत्रों में पर्याप्त पका भोजन और सूखा राशन उपलब्ध कराने तथा राहत सामग्री का समय से और व्यवस्थित वितरण सुनिश्चित करने को कहा।
नदी कटान वाले क्षेत्रों पर विशेष नजर रखने के निर्देश देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जहां नदी की धारा आबादी की ओर बढ़ रही हो, वहां समय रहते आवश्यक कार्रवाई और ड्रेजिंग कराई जाए। बाढ़ में क्षतिग्रस्त मकानों के प्रभावित परिवारों को भूमि का पट्टा उपलब्ध कराकर मुख्यमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाने के निर्देश भी दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में चीनी का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है, जो करीब छह माह की आवश्यकता के अनुरूप है। उन्होंने जिलाधिकारियों को चीनी की उपलब्धता और कीमतों पर लगातार नजर रखने तथा कालाबाजारी, जमाखोरी और कृत्रिम अभाव पैदा करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि आमजन को चीनी के स्टॉक और उपलब्धता की सही जानकारी दी जाए, ताकि अफवाह और अनावश्यक चिंता की स्थिति न बने। मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार के कार्यकाल में अब तक किसानों को 3.25 लाख करोड़ रुपये का गन्ना मूल्य भुगतान किया जा चुका है।
स्कूल-कॉलेजों से संबंधित भ्रामक वीडियो प्रसारित कर माहौल बिगाड़ने वालों पर मुख्यमंत्री ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने ऐसे लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही जिलाधिकारियों को विद्यालयों का नियमित निरीक्षण करने को कहा।
मुख्यमंत्री ने मिड-डे मील, बालक-बालिकाओं के शौचालय, कक्षाओं की स्थिति और बाल वाटिकाओं के संचालन की स्थलीय जांच कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में बच्चों को बेहतर सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण मिलना चाहिए।
बैठक में जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा सहित वरिष्ठ अधिकारी, मंडलायुक्त, जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी, नगर आयुक्त, जिला विद्यालय निरीक्षक और बेसिक शिक्षा अधिकारी मौजूद रहे।










