वाराणसी। धर्मनगरी काशी में आस्था के महापर्व रंगभरी एकादशी को सकुशल एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए कमिश्नरेट पुलिस ने अभूतपूर्व सुरक्षा इंतज़ाम किए हैं। सोमवार को अपर पुलिस आयुक्त (कानून-व्यवस्था एवं मुख्यालय) श्री शिवहरी मीणा ने सम्पूर्ण यात्रा मार्ग, श्री काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर, आसपास के घाटों तथा अन्य संवेदनशील स्थलों का स्थलीय निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की बारीकी से समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान संभावित भीड़, यातायात संचालन, प्रवेश-निकास व्यवस्था, बैरिकेडिंग, सीसीटीवी कवरेज, अग्नि सुरक्षा और आपातकालीन प्रबंधन का सूक्ष्म परीक्षण किया गया। इसके उपरांत पिनाक भवन स्थित सभागार में उच्चस्तरीय समन्वय बैठक आयोजित कर अधिकारियों को बिंदुवार दिशा-निर्देश दिए गए।
मंदिर परिसर की बाहरी, मध्य और आंतरिक परिधि में त्रिस्तरीय सुरक्षा घेरा स्थापित किया गया है। प्रत्येक प्रवेश द्वार पर एंटी-सबोटाज जांच, डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर और हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर से अनिवार्य जांच होगी। महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए पर्याप्त महिला पुलिस बल तैनात रहेगा।

सादा वर्दी में पुलिसकर्मी भीड़ में मिश्रित रहकर संदिग्ध गतिविधियों, जेबकटी और अराजक तत्वों पर नजर रखेंगे। आसपास की छतों एवं ऊंचे भवनों पर भी निगरानी बढ़ाई गई है। किसी भी लावारिस वस्तु की सूचना तत्काल बम निरोधक दस्ते को दी जाएगी।
संभावित भीड़ को देखते हुए चरणबद्ध बैरिकेडिंग योजना लागू की गई है। होल्डिंग एरिया में प्रकाश, पेयजल एवं पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था रहेगी। महिला, वृद्ध एवं दिव्यांग श्रद्धालुओं के लिए सहायता डेस्क स्थापित किए जाएंगे।
घाटों और संकरे मार्गों पर अतिरिक्त बल की तैनाती की गई है। “मिसिंग पर्सन हेल्प डेस्क” भी स्थापित होगा, जिससे बच्चों या परिजनों के बिछुड़ने की स्थिति में त्वरित सहायता मिल सके।
पर्व के मद्देनज़र विशेष डायवर्जन प्लान लागू किया गया है, जिसका व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। नो-व्हीकल जोन में निजी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। बाहरी जनपदों से आने वाले वाहनों के लिए अस्थायी पार्किंग स्थल चिन्हित किए गए हैं।
एम्बुलेंस और फायर ब्रिगेड के लिए ग्रीन कॉरिडोर सुनिश्चित किया जाएगा। प्रमुख चौराहों पर अतिरिक्त ट्रैफिक पुलिस एवं क्रेन की तैनाती की गई है ताकि जाम की स्थिति उत्पन्न न हो।
मंदिर परिसर, घाटों, पार्किंग स्थलों एवं यात्रा मार्गों पर लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की तकनीकी जांच कराई गई है। कंट्रोल रूम में 24×7 मॉनिटरिंग की जाएगी। भीड़ के वास्तविक आकलन के लिए ड्रोन कैमरों का उपयोग होगा और आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त बल तैनात किया जाएगा।
अफवाहों पर अंकुश के लिए सोशल मीडिया मॉनिटरिंग सेल को सक्रिय रखा गया है। फेसबुक, एक्स (ट्विटर), इंस्टाग्राम, यूट्यूब और व्हाट्सएप समूहों पर विशेष निगरानी रहेगी। किसी भी भ्रामक या उत्तेजक पोस्ट पर तत्काल विधिक कार्रवाई की जाएगी। अधिकृत पुलिस हैंडल से समय-समय पर सत्यापित सूचनाएं जारी होंगी।
प्रमुख स्थलों पर अस्थायी चिकित्सा शिविर, एम्बुलेंस और प्रशिक्षित पैरामेडिकल स्टाफ तैनात रहेगा। अग्निशमन विभाग से समन्वय कर फायर टेंडर भी रणनीतिक स्थानों पर लगाए जाएंगे। भगदड़ या अन्य आपात स्थिति से निपटने के लिए मॉक ड्रिल कराने के निर्देश दिए गए हैं।
यात्रा मार्गों, घाटों और गलियों में खुले या झूलते विद्युत तारों का सर्वेक्षण कर संबंधित विभागों को तत्काल दुरुस्ती के निर्देश दिए गए हैं। संकरे मार्गों एवं आपातकालीन निकास को अवरोध मुक्त रखने के लिए अस्थायी अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जा रही है।
कमिश्नरेट वाराणसी ने सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि प्रशासनिक निर्देशों का पालन करें, निर्धारित मार्गों एवं कतार व्यवस्था का अनुसरण करें तथा किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें। संदिग्ध वस्तु या गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें।
अपर पुलिस आयुक्त ने स्पष्ट किया कि रंगभरी एकादशी पर सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित दर्शन उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है। पुलिस, प्रशासन और नागरिकों के समन्वय से काशी में यह ऐतिहासिक पर्व शांतिपूर्ण और गरिमामय वातावरण में संपन्न कराया जाएगा।









