वाराणसी। गंगा-जमुनी तहजीब और सांस्कृतिक विरासत के केन्द्र बनारस की ऐतिहासिक गलियों में शनिवार को पुलिस ने एक आधुनिक चुनौती पर कार्रवाई का अध्याय जोड़ा। सिगरा थाना क्षेत्र में, पुलिस आयुक्त महोदय के अपराध विरोधी अभियान के तहत, एक शातिर आबकारी अपराधी को 10.2 लीटर अवैध देशी शराब के साथ धर दबोचा। यह कार्रवाई मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगमन की तैयारियों के दौरान सुरक्षा घेरा कसने के सिलसिले में की गई।
“पिलर नंबर 42 के पास जब शक की नजर टिकी…”
दिनांक 02 जनवरी, 2026 को दोपहर का वक्त। थाना सिगरा की विशेष टीम चौकी रोडवेज के पीछे स्थित ट्रांसफार्मर के पास पहुंची। नजर टिकी एक अजनबी युवक पर, जिसके हाथ में सफेद-काला चितकबरा एक बड़ा झोला था। पुलिस की गाड़ी को देखते ही वह व्यक्ति तेजी से भागने लगा, मानो उसकी आत्मा पर अपराध बोझ हो। एक छोटा पैदल पीछा और फिर दबोच लिया गया उसे।

“झोले से निकली शराब के 51 पाउच, ब्रांड था ‘विंडीज लाइम स्पीड'”
जब झोला खोला गया तो सामने आईं ‘विंडीज लाइम स्पीड’ ब्रांड की देशी शराब की 200 एमएल वाली 51 पॉलिथीन पाउच। कुल मात्रा लगभग साढ़े दस लीटर। जांच में पता चला कि गिरफ्तार व्यक्ति के पास शराब रखने या ढोने का कोई कानूनी परमिट नहीं है।
“गिरफ्तार शख्स: गोंडा का रहने वाला 30 वर्षीय रमेश दुबे”
पूछताछ में पता चला कि गिरफ्तार व्यक्ति रमेश दुबे (30 वर्ष) है, जो गोंडा जिले के बौनापुर कौड़िया गांव का रहने वाला है। उसने पुलिस को बताया कि वह यह शराब वाराणसी कैंट रेलवे स्टेशन के परिसर में बेचने जा रहा था, और पुलिस को देखकर घबरा गया। हैरानी की बात यह रही कि रमेश पर पहले से ही गोंडा के मनकापुर थाने में एक आपराधिक मामला दर्ज है, जो उसकी आपराधिक प्रवृत्ति को इंगित करता है।
कानूनी कार्रवाई:
· थाना सिगरा में अभियोग संख्या 001/2026 दर्ज की गई है।
· उत्तर प्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 60 के तहत मुकदमा दायर किया गया।
· अभियुक्त को कोर्ट में पेश करने और जमानत विरोधी याचिका दायर करने की तैयारी है।
पुलिस टीम का श्रेय:
यह सफल ऑपरेशन पुलिस उपायुक्त, काशी जोन के निर्देशन और अपर पुलिस उपायुक्त, जोन काशी के पर्यवेक्षण में संपन्न हुआ। मुख्य रूप से प्रभारी निरीक्षक थाना सिगरा संजय कुमार मिश्र के नेतृत्व वाली टीम ने कार्रवाई की, जिसमें उप निरीक्षक कुमार गौरव सिंह और चौकी प्रभारी रोडवेज सहित कांस्टेबल संतोष कुमार, अंकित कुमार और गोविन्द कुमार शामिल थे।
भूमिका:
यह घटना उस निरंतर प्रयास का हिस्सा है, जिसमें वाराणसी पुलिस शहर की पवित्र और ऐतिहासिक छवि को कलंकित करने वाली अवैध गतिविधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है। शराब तस्करी न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि सामाजिक स्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा है। पुलिस का यह अभियान जारी रहेगा।









