वाराणसी। सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय में चल रहे निर्माण एवं नवीनीकरण कार्यों की धीमी प्रगति और गुणवत्ता संबंधी कमियों पर विश्वविद्यालय प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। शनिवार को कुलपति प्रो. बिहारी लाल शर्मा ने परिसर का आकस्मिक निरीक्षण कर कार्यदायी संस्था और संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि सभी निर्माण कार्य 20 जुलाई तक निर्धारित मानकों के अनुरूप हर हाल में पूरे किए जाएं।
निरीक्षण के दौरान कुलपति ने सीएनडीएस द्वारा कराए जा रहे लाल भवन और पाणिनी भवन के नवीनीकरण कार्यों का जायजा लिया। कार्यों की धीमी गति पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने कहा कि गुणवत्ता, समयबद्धता और पारदर्शिता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगली समीक्षा तक अपेक्षित प्रगति नहीं मिलने पर जिम्मेदार अधिकारियों और संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कठोर प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी।
प्रो. शर्मा ने कहा कि विश्वविद्यालय की अधोसंरचना का विकास सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। उन्होंने कार्यदायी संस्था के ठेकेदार अनमोल तिवारी और संबंधित सहायक अभियंता को अतिरिक्त संसाधन लगाकर निर्माण कार्यों में तेजी लाने तथा गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन स्वयं नियमित रूप से सभी परियोजनाओं की निगरानी करेगा, ताकि विद्यार्थियों और शिक्षकों को समय पर बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।

कुलपति ने परिसर में संचालित अन्य विकास कार्यों का भी निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान कुलसचिव राकेश कुमार, चीफ प्रॉक्टर प्रो. जितेन्द्र कुमार, अभियंता रामविजय सिंह सहित विश्वविद्यालय के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।










