वाराणसी। बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) में अग्नि संरक्षा सप्ताह के अंतर्गत शुक्रवार को केंद्रीय चिकित्सालय स्थित PSA ऑक्सीजन जनरेशन प्लांट एवं पाइप लाइन प्रणाली का सघन निरीक्षण किया गया। निरीक्षण प्रमुख मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. देवेश कुमार एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा किया गया।
अग्नि संरक्षा सप्ताह के तहत चिकित्सालय में अग्नि सुरक्षा से जुड़े सभी उपकरणों की कार्यप्रणाली पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। अस्पताल परिसर में स्थापित PSA ऑक्सीजन जनरेशन प्लांट को अत्यधिक संवेदनशील क्षेत्र घोषित करते हुए वहां सुरक्षा उपकरणों की अतिरिक्त तैनाती की गई है।
निरीक्षण के दौरान प्लांट रूम के वेंटिलेशन सिस्टम की जांच की गई, ताकि ऑक्सीजन का स्तर निर्धारित सीमा 23.5 प्रतिशत से अधिक न हो। साथ ही ऑक्सीजन प्लांट क्षेत्र में तेल, ग्रीस अथवा किसी भी पेट्रोलियम आधारित लुब्रिकेंट के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लागू करने के निर्देश दिए गए, क्योंकि ऑक्सीजन के संपर्क में आने पर इनके कारण विस्फोट की आशंका बनी रहती है।

अधिकारियों ने कर्मचारियों को आपात स्थिति में मुख्य ऑक्सीजन सप्लाई वाल्व तत्काल बंद करने के लिए प्रशिक्षित किए जाने की जानकारी भी दी। निरीक्षण के दौरान प्लांट के 10 मीटर दायरे को नो-स्मोकिंग ज़ोन बनाए रखने तथा मोबाइल फोन के उपयोग पर प्रतिबंध संबंधी चेतावनी बोर्ड लगाने के निर्देश भी दिए गए।
इस अवसर पर वरिष्ठ मंडल चिकित्सा अधिकारी डॉ. विशाल मिश्रा, सहायक सामग्री प्रबंधक एस.पी. शुक्ला, मणि प्रकाश त्रिपाठी सहित चिकित्सालय का नर्सिंग स्टाफ—श्रीमती कमला श्रीनिवासन, श्रीमती चंद्रकला राव, श्रीमती संजू लता गौतम, सीता कुमारी एवं अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।









