वाराणसी। मोहित अग्रवाल ने मंगलवार को शहर के प्रमुख गंगा घाटों एवं आसपास के क्षेत्रों का व्यापक निरीक्षण करते हुए सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने दशाश्वमेध घाट से गोदौलिया तक तथा नमो घाट से अस्सी घाट तक पैदल गश्त कर संदिग्ध व्यक्तियों से पूछताछ की और सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
पुलिस आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि वाराणसी के घाटों पर आने वाले श्रद्धालुओं, पर्यटकों एवं आमजन की सुरक्षा कमिश्नरेट पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। घाट क्षेत्रों में लगातार पैदल गश्त, संदिग्ध व्यक्तियों की निगरानी तथा सुरक्षा व्यवस्था की नियमित समीक्षा कर सुरक्षा तंत्र को मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को सतर्कता एवं प्रभावी पुलिसिंग के साथ जनसहयोग के जरिए सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
उन्होंने गंगा की महत्ता का उल्लेख करते हुए कहा कि गंगा केवल एक जलधारा नहीं, बल्कि देश की आस्था, संस्कृति एवं आध्यात्मिक विरासत का प्रतीक है। ऐसे में घाटों एवं नदी क्षेत्र में नशीले पदार्थों का सेवन तथा अपशिष्ट फेंकना पूर्णतः प्रतिबंधित है। इन गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने वाले लोगों के विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

निरीक्षण के दौरान पुलिस आयुक्त ने घाटों पर स्थापित सुरक्षा उपकरणों को अद्यावधिक रखने, एनडीआरएफ एवं जल पुलिस को हर समय सतर्क एवं सक्रिय बनाए रखने तथा नाविकों को निर्धारित सुरक्षा मानकों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। गंगा में जल विहार करने वाले सभी लोगों के लिए लाइफ जैकेट अनिवार्य किए जाने के साथ घाट क्षेत्रों में स्टंट एवं खतरनाक कर्तबाजी करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के निर्देश भी जारी किए गए।
श्रद्धालुओं को स्नान के दौरान डूबने जैसी घटनाओं से सुरक्षित रखने के लिए घाटों पर डीप वाटर बैरिकेडिंग की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। एनडीआरएफ एवं जल पुलिस द्वारा नाविकों और श्रद्धालुओं को लगातार सुरक्षा उपायों एवं आपातकालीन सावधानियों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। जल पुलिस द्वारा चलाए गए विशेष जांच अभियान में नियमों की अनदेखी करने वाले नाविकों के खिलाफ अब तक 31 अभियोग दर्ज किए गए हैं तथा 58 नावों को सीज़ किया गया है।
इसी क्रम में “ऑपरेशन चक्रव्यूह” अभियान के तहत यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों एवं अतिक्रमणकारियों के विरुद्ध भी व्यापक कार्रवाई की गई। विशेष चेकिंग अभियान के दौरान 22 वाहनों को सीज़ किया गया, जबकि 529 वाहनों का चालान कर कुल 10 लाख 62 हजार 500 रुपये का शमन शुल्क अधिरोपित किया गया।
पुलिस अधिकारियों एवं कर्मियों ने बाजारों एवं भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में पैदल गश्त कर सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था को और मजबूत बनाया। साथ ही आमजन एवं वाहन चालकों को यातायात नियमों के पालन और सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक भी किया गया।
इस अवसर पर शिवहरी मीणा, गौरव बंशवाल, वैभव बांगर सहित संबंधित राजपत्रित अधिकारी एवं पुलिस बल मौजूद रहे।









