वाराणसी। मोहनसराय ट्रांसपोर्ट नगर योजना को लेकर चल रहे विवाद में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा अंतरिम आदेश जारी किया है। माननीय उच्चतम न्यायालय की संवैधानिक पीठ ने एसएलपी संख्या 020832/2023 पर सुनवाई करते हुए योजना पर अंतरिम स्थगन (स्टे) आदेश पारित किया है। पीठ में मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जोयमल्या बागची और न्यायमूर्ति विपुल एम. पंचोली शामिल रहे।
याचिकाकर्ता जगमन्नी देवी व अन्य की ओर से अधिवक्ता आकाश काकडे ने किसानों के पक्ष में विस्तृत दलीलें पेश कीं। याचिका में सरकार द्वारा कथित अवैधानिक कार्रवाई और भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया में अनियमितताओं के आरोप लगाए गए।
सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए ट्रांसपोर्ट नगर योजना पर अंतरिम रोक लगा दी। अगली सुनवाई तक परियोजना से जुड़ी किसी भी प्रकार की कार्रवाई पर प्रभावी रोक रहेगी।

निर्णय की सूचना मिलते ही किसानों में खुशी की लहर दौड़ गई। मोहनसराय किसान संघर्ष समिति के मुख्य संरक्षक विनय शंकर राय “मुन्ना” और मुख्य याचिकाकर्ता जगमन्नी देवी का किसानों ने फूल-मालाओं से स्वागत किया।
ढोल-नगाड़ों के साथ ग्रामीणों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर खुशी जाहिर की। किसानों का कहना है कि यह उनकी एकजुटता और लंबे संघर्ष की जीत है। किसान नेताओं ने कहा कि वे न्यायालय के अंतिम निर्णय तक शांतिपूर्ण और कानूनी लड़ाई जारी रखेंगे।









