वाराणसी। आधुनिक तकनीक के प्रभावी उपयोग से दशाश्वमेध थाना पुलिस ने एक बार फिर अपनी कार्यकुशलता और जनसेवा के प्रति प्रतिबद्धता का परिचय दिया है। साइबर तकनीक आधारित CEIR (सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर) पोर्टल की मदद से पुलिस ने 18 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सकुशल सुपुर्द किया, जिससे नागरिकों में पुलिस के प्रति विश्वास और मजबूत हुआ है। यह उल्लेखनीय कार्रवाई पुलिस आयुक्त वाराणसी के निर्देश पर अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत संपन्न हुई। पुलिस उपायुक्त काशी जोन के आदेशानुसार तथा अपर पुलिस उपायुक्त काशी जोन और सहायक पुलिस आयुक्त दशाश्वमेध के कुशल मार्गदर्शन में दशाश्वमेध थाना पुलिस की विशेष टीम ने इस सफलता को अंजाम दिया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, गुम हुए मोबाइल फोनों की तलाश के लिए भारत सरकार के CEIR पोर्टल के साथ-साथ अन्य वैज्ञानिक एवं तकनीकी साधनों का प्रभावी उपयोग किया गया। जैसे ही गुम मोबाइल फोन में किसी अन्य व्यक्ति द्वारा नई सिम कार्ड डाली गई, पोर्टल के माध्यम से संबंधित थाने को स्वतः सूचना प्राप्त हो गई। इसी तकनीकी सतर्कता के आधार पर मोबाइल फोन चिन्हित किए गए और उन्हें विभिन्न स्थानों से बरामद कर लिया गया। बरामद सभी मोबाइल फोन को थाना दशाश्वमेध परिसर में विधिवत प्रक्रिया के तहत उनके मालिकों को सौंपा गया। अपने कीमती मोबाइल फोन वापस पाकर नागरिकों के चेहरे खुशी से खिल उठे। उन्होंने पुलिस की तत्परता, पारदर्शी कार्यशैली और आधुनिक तकनीक के सफल प्रयोग की मुक्त कंठ से सराहना की। दशाश्वमेध थाना पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मोबाइल फोन गुम होने की स्थिति में घबराने के बजाय मोबाइल खरीद से संबंधित बिल सहित नजदीकी पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराएं, भारत सरकार के CEIR पोर्टल (https://www.ceir.gov.in) पर जाकर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें, जिसमें मोबाइल का बिल एवं पुलिस शिकायत की प्रति अपलोड करना अनिवार्य है। पुलिस के अनुसार, इस प्रक्रिया से जैसे ही गुम मोबाइल में नई सिम कार्ड सक्रिय होती है, शिकायतकर्ता और संबंधित पुलिस थाने को स्वतः सूचना प्राप्त हो जाती है, जिससे बरामदगी की संभावना कई गुना बढ़ जाती है। इस सफल अभियान में दशाश्वमेध थाना पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका रही जिसमें क्रमशः थानाध्यक्ष संतोष कुमार सिंह,उप निरीक्षक सुनील कुमार गुप्ता, हेड कांस्टेबल विजय कुमार सिंह, कांस्टेबल (ग्रेड-बी) अवनीन्द्र कुमार पाण्डेय, महिला कांस्टेबल श्वेता एवंमहिला कांस्टेबल ललिता शामिल रहे। दशाश्वमेध थाना पुलिस की यह कार्रवाई न केवल आधुनिक तकनीक के सार्थक उपयोग का उदाहरण है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि पुलिस अब केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित नहीं, बल्कि जनसमस्याओं के त्वरित समाधान और भरोसेमंद सेवा की दिशा में निरंतर अग्रसर है।









