वाराणसी, 06 अप्रैल 2026। सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय, वाराणसी के मेधावी छात्रों ने अखिल भारतीय स्तर पर आयोजित “भारतीय ज्ञान परम्परा” (आईकेएस) ओलम्पियाड 2025 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक हासिल कर विश्वविद्यालय एवं राष्ट्र का गौरव बढ़ाया है।
विश्वविद्यालय के भारतीय ज्ञान परम्परा केन्द्र से जुड़े छात्र अखिलेश कुमार मिश्र, नन्दिनी साहू एवं अमन पटेल ने अपनी प्रतिभा और गहन अध्ययन के बल पर प्रतियोगिता में श्रेष्ठ स्थान प्राप्त करते हुए गोल्ड मेडल अर्जित किया। उल्लेखनीय है कि इस प्रतिष्ठित ओलम्पियाड में देशभर के नामचीन विश्वविद्यालयों एवं संस्थानों के प्रतिभागियों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा रही, जिसके बीच यह उपलब्धि विशेष महत्त्व रखती है।
इस गौरवपूर्ण सफलता पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बिहारी लाल शर्मा ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि “भारतीय ज्ञान परम्परा हमारी सांस्कृतिक आत्मा का आधार है। विद्यार्थियों की यह उपलब्धि इस तथ्य को प्रमाणित करती है कि हमारी युवा पीढ़ी अपनी जड़ों से जुड़कर वैश्विक मंच पर उत्कृष्टता स्थापित करने में सक्षम है।”

भारतीय ज्ञान परम्परा केन्द्र के समन्वयक प्रो. दिनेश कुमार गर्ग, प्रधान गवेषक डॉ. ज्ञानेन्द्र सापकोटा, सह-गवेषक डॉ. विजय कुमार शर्मा तथा अनुसंधान सहायक डॉ. आशीष मणि त्रिपाठी सहित समस्त आचार्यों ने विजेता विद्यार्थियों को बधाई देते हुए इसे सतत मार्गदर्शन, अनुशासित अध्ययन और भारतीय परम्पराओं के प्रति समर्पण का परिणाम बताया।
इस उपलब्धि से विश्वविद्यालय परिवार में हर्ष और उत्साह का वातावरण व्याप्त है। शिक्षकों, शोधार्थियों एवं सहपाठियों ने विजेता विद्यार्थियों का अभिनन्दन करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
यह सफलता न केवल विद्यार्थियों की प्रतिभा का परिचायक है, बल्कि सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय की भारतीय ज्ञान परम्परा के संरक्षण, संवर्धन एवं प्रसार में सक्रिय और प्रभावी भूमिका को भी सुदृढ़ करती है।









