वाराणसी/मोतिहारी। स्वामी नरेंद्रानंद सरस्वती ने कहा है कि वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों में शांति स्थापित करने की क्षमता यदि किसी विचारधारा में है, तो वह सनातन धर्म में निहित है। वह रामनवमी के अवसर पर मोतिहारी स्थित सिकरिया फार्मेसी कॉलेज परिसर में आयोजित एक प्रेस वार्ता को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने गौ-हत्या पर रोक लगाने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि यदि प्रत्येक व्यक्ति एक-एक गाय के पालन का संकल्प ले, तो इस समस्या का स्थायी समाधान संभव है। साथ ही उन्होंने स्वदेशी वस्तुओं को अपनाने का आह्वान करते हुए कहा कि देश की आर्थिक मजबूती के लिए भारतीय उत्पादों का उपयोग आवश्यक है।
अंतरराष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य पर बोलते हुए उन्होंने पाकिस्तान को आतंकवाद से जुड़ा देश बताते हुए कहा कि वहां अनेक आतंकी संगठन सक्रिय हैं, जिन्हें बाहरी सहायता प्राप्त होती है। ऐसे में विदेशी वस्तुओं के बहिष्कार को उन्होंने राष्ट्रहित में बताया।

स्वामी नरेंद्रानंद सरस्वती ने रामनवमी के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह पर्व न केवल भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव का प्रतीक है, बल्कि शक्ति के नौ स्वरूपों की आराधना का भी विशेष दिन है।
प्रेस वार्ता के उपरांत वे हनुमानगढ़ क्षेत्र से निकाली गई रामनवमी शोभायात्रा में शामिल हुए। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारी, पुलिस बल तथा बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। कार्यक्रम में शंभूनाथ सिकरिया, यमुना सिकरिया तथा विहिप के अशोक श्रीवास्तव सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित थे।









