भदोही। संतभूमि कहे जाने वाले भदोही जनपद में आध्यात्मिक पुनर्जागरण की नई लहर उठी है। श्री यथार्थ परमार्थ सेवा समिति द्वारा चलाया जा रहा “धर्मग्रंथ वितरण एवं सनातन जागरण अभियान” अब एक व्यापक सामाजिक आंदोलन का रूप लेता जा रहा है। समिति ने जिले के गाँवों, कस्बों और नगर क्षेत्रों में घर–घर पहुंचकर निःशुल्क धर्मग्रंथ बाँटने की शुरुआत की है।इस अभियान के तहत श्रीमद्भागवत गीता, यथार्थ गीता, श्रीरामचरितमानस, बाल गीता और अन्य हिन्दू धार्मिक ग्रंथों का वितरण किया जा रहा है। उद्देश्य यह है कि हर घर में धर्मग्रंथों के अध्ययन की परंपरा फिर से जीवित हो और नई पीढ़ी में सनातन विचारों के साथ राष्ट्रप्रेम की भावना मजबूत बने।समिति का मानना है कि आज के बदलते सामाजिक परिदृश्य में बच्चों और युवाओं को धर्मग्रंथों का अध्ययन कराना आवश्यक हो गया है। समिति के एक पदाधिकारी ने कहा, “जब तक हर घर में गीता का प्रकाश नहीं पहुँचेगा, तब तक सशक्त राष्ट्र का निर्माण संभव नहीं। सनातन संस्कृति ही हिंदू राष्ट्र की आत्मा है, और इसे जन–जन तक पहुँचाना हमारा संकल्प है।”भदोही के कई गाँवों में इस अभियान का असर साफ दिखाई देने लगा है। परिवारों ने नियमित रूप से धर्मग्रंथों के पाठ शुरू कर दिए हैं। युवाओं में धर्म, कर्तव्य और राष्ट्रधर्म की चेतना गहराती जा रही है। लोगों का कहना है कि यह पहल न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि सामाजिक एकता और नैतिकता के पुनर्संस्कार में भी सहायक बन रही है।कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने मत व्यक्त किया कि ऐसे समय में जब देश सांस्कृतिक भटकाव और सामाजिक चुनौतियों से जूझ रहा है, तब धर्मग्रंथों का ज्ञान ही समाज को नई दिशा दे सकता है। इसी क्रम में समिति का यह अभियान भदोही की धरती से उठी एक ऐसी लौ बन गया है जो पूरे प्रदेश में फैलने लगी है।यह सेवा कार्य श्री परमहंस आश्रम महादेवा, डीह खेमापुर के मार्गदर्शन में श्री विमलानंद जी के नेतृत्व में संचालित हो रहा है। श्री विमलानंद जी का कहना है, “धर्मग्रंथों से बढ़कर कोई गुरु नहीं। यदि हर परिवार प्रतिदिन कुछ मिनट गीता या मानस का पाठ करे, तो भदोही से एक ऐसी आध्यात्मिक क्रांति उठेगी जो पूरे देश को आलोकित कर देगी।”भदोही में शुरू हुआ यह धर्मग्रंथ वितरण अभियान अब केवल धार्मिक उपक्रम नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति और हिंदू राष्ट्र चेतना को गति देने वाला संगठित सामाजिक आंदोलन बन रहा है।









